Sunday, March 19, 2017

The Virginity Part 3




रात के करीब दो बज रहे हैं| Sakshi का कमरा| round shape डबल बेड के बीच में Sakshi सो रही है| उसके आस पास doll, teddy bear, heartshape pillow करीने से लगे हैं|  Sakshi के चेहरे पर डर है| माथे पर सिलवटें, वो गहरी लम्बी साँस ले रही है| गहरी नींद में होने के बावजूद वो जैसे जग रही है| रात के अंधेरे में दो लोग उसका पीछा कर रहे हैं| एक संकरी गली से गुज़रते हुए वो भागती जा रही है... दूर दूर तक सन्नाटा है... बचाओ... बचाओ... चीखते हुए वो भाग रही है| कुछ लोग उसका पीछा कर रहे हैं... उसकी साँस फूल रही है| वो भागते-भागते पूरी तरह से थक चुकी है| अचानक सामने से एक आदमी आता है और वो उससे टकरा कर गिर जाती है|





तभी सुबह पांच बजे का अलार्म जोर से बजता है और वो बदहवास सी उठ जाती है|... पसीने से भीगी हुई... लम्बी साँस लेते हुए वो अलार्म बंद कर चहरे तो पोंछती है| खुद को relax करने की कोशिश में वो earphone लगा कर गाने सूनने लगती है| फिर उठ कर किचन में coffee बनाने लगी... ओ लड़की ब्यूटीफुल कर गई चुल... गाना बज रहा था पर उसका दिमाग कहीं और था... वो किसी सोच में डूबी थी...| coffee बना कर वो अपने रूम में आ गई और पढ़ने लगी|


To be continued....

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